• October to December 2024 Article ID: NSS8883 Impact Factor:8.05 Cite Score:45171 Download: 299 DOI: https://doi.org/ View PDf

    ग्रामीण क्षेत्रों में जाति आधारित व्यवसायों में संरचनात्मक परिवर्तन(एक समाजशास्त्रीय अवलोकन)

      डॉ. ज्योति सिंह
        सहायक प्राध्यापक (समाजशास्त्र) शासकीय स्नातक महाविद्यालय, नैनपुर, जिला मंडला (म.प्र.)

प्रस्तावना

जाति का अर्थ-भारतीय समाज में जाति सामाजिक वर्गीकरण का एक प्रमुख पहलू है। यह एक ऐसी सामाजिक व्यवस्था है जो व्यक्तियों को उनके जन्म के आधार पर वर्गीकृत करती है। भारत में जातिवाद एक पुरानी प्रथा है, जो  जाति के परंपरागत बंधनों और भारतीय समाज की संरचना पर आधारित है।